ग्लोबल यंग आर्टिस्ट प्रोजेक्ट का शानदार समापन

विवेक शर्मा, 02 फरवरी 2018, नई दिल्ली: ग्लोबल यंग आर्टिस्ट प्रोजेक्ट का दिल्ली में शानदार समापन हुआ| इस कार्यक्रम का आयोजन कोरियन कल्चरल सेंटर एवं कोरिया नैशनल यूनिवेर्सिटी ऑफ़ आर्ट्स ने मिलकर किया था| दो सप्ताह से चल रहे इस कार्यक्रम में 56 छात्रों ने आवेदन दिया जिसमे कई चरणों को पार करते हुए 19 छात्रों ने गायन, पियानो व् वायलिन में प्रशिक्षण हासिल की| कोरिया नैशनल यूनिवर्सिटी ऑफ़ आर्ट्स से आये पाँच छात्र - जेओंग आहयूं और यून साराह ने पियानो, पार्क सोमांग ने वायलिन और यौनसू कैल्विन और हान सुंगयेव ने भारतीय छात्रों को गायन सिखाया| वही किम सुन्गवां ने ट्रेनिंग अस्सिस्टेंट की भूमिका निभाई| कार्यक्रम  २२ जनवरी 2 फरवरी तक चला|

 

 

इस कार्यक्रम के अंतर्गत संगीत सीखने की ललक रखने वाले मेधावी छात्रों को निःशुल्क ट्रेनिग दी गई| संगीत के द्वारा भारत और दक्षिण कोरिया के रिश्ते को मजबूत बनाने की यह पहल 2013 में शुरू की गई थी। ग्लोबल यंग आर्टिस्ट प्रोजेक्ट की शुरुआत उमंग भरी रही। जिसमें से गायन के लिए-9, पियानो के लिए-08, एवं वायलिन के लिए-02 छात्र चुने गए।
निदेशक किम कुम प्योंग ने कहा की संगीत एक ऐसा माध्यम है जो केवल युवाओ को एक मंच दे रहा बल्कि एक देश को दूसरे देश से जोड़ भी रहा है।
शिक्षक यून साराह ने कहा की छात्रों में संगीत के प्रति पागलपन देखने को मिला बस इस पागलपन को प्रोफेशन बनाना है, वहीं शिक्षक यौनसू कैल्विन ने कहा की छात्रों को कुशल बनने के लिए अभ्यास ही एक मात्र रास्ता है, अभ्यास करना कभी न छोड़े|