इसरो 82 सैटेलाइट एक साथ लॉन्च करके बनाएगा वर्ल्ड रिकॉर्ड, इसमें 60 US के होंगे


चेन्नई. इसरो अगले साल 15 जनवरी को एक साथ 82 सैटेलाइट लॉन्च करेगा। इनमें 60 अमेरिका के होंगे। यह मिशन पूरी तरह कामयाब रहा तो एक बार में सबसे ज्यादा सैटेलाइट लॉन्चिंग का वर्ल्ड रिकॉर्ड बन जाएगा। अभी सबसे ज्यादा सैटेलाइट लॉन्च करने वालों में भारत का तीसरा नंबर है। वह एक साथ 20 सैटेलाइट लॉन्च कर चुका है। अभी रूस के नाम है रिकॉर्ड...
- एक अंग्रेजी अखबार ने मार्स मिशन के प्रोजेक्ट डायरेक्टर एस. अरुणन के हवाले से बताया है कि इसरो अगले साल जनवरी में वर्ल्ड रिकॉर्ड बना सकता है। 
- वह एक साथ 82 सैटेलाइट लॉन्च करने जा रहा है। इनमें 60 अमेरिका के, 20 यूरोप के और दो यूके में बने सैटेलाइट हैं।
- इन्हें पीएसएलवी रॉकेट के एडवान्स्ड वर्जन पीएसएलबी-एक्सएल से लॉन्च किया जाएगा। 
- अभी एक साथ सबसे ज्यादा सैटेलाइट लॉन्च करने का रिकॉर्ड रूस के नाम है। उसने 19 जून 2014 को 37 सैटेलाइट लॉन्च किए थे। 
- इसके बाद अमेरिका का नंबर है। उसने 19 नवंबर 2013 को 29 सैटेलाइट लॉन्च किए थे।

ढाई साल में दूसरा रिकॉर्ड बनाएगा इसरो
- सबसे ज्यादा सैटेलाइट लॉन्च करने वालों में इसरो तीसरे नंबर पर है। उसने इसी साल 22 जून को एक साथ 20 सैटेलाइट लॉन्च किए थे। इनमें 13 अमेरिका के थे।
- जनवरी में 82 सैटेलाइट लॉन्चिंग का मिशन कामयाब रहा तो ढाई साल में इसरो का यह दूसरा रिकॉर्ड होगा। 
- 24 सितंबर 2014 को इसरो ने पहली कोशिश में ही मंगल की ऑर्बिट में मार्स मंगलयान को भेजकर रिकॉर्ड बनाया था।

एक ही ऑर्बिट में भेजे जाएंगे सभी सैटेलाइट
- एक दूसरी रिपोर्ट में इसरो की कमर्शियल विंग एंट्रिक्स के जनरल मैनेजर राकेश शशिभूषण के हवाले से बताया गया है कि ये सभी नैनो सैटेलाइट हैं।
- इन्हें एक ही ऑर्बिट में भेजना है। लिहाजा, रॉकेट को बार-बार स्विचऑफ और स्विचऑन नहीं करना होगा।
- इन्हें पीएसएलवी एक्सएल रॉकेट से छोड़ा जाएगा, जिसका टोटल पेलोड 1600 किलोग्राम होगा।

पीएसएलवी दुनिया का सबसे भरोसेमंद लॉन्च व्हीकल
- 1993 से अब तक पीएसएलवी से अब तक 37 बार सैटेलाइट लॉन्चिंग हो चुकी है।
- यह दुनिया का सबसे भरोसेमंद सैटेलाइट लॉन्च व्हीकल बन गया।
- इसने कई भारतीय और 35 विदेशी सैटेलाइट्स स्पेस में पहुंचाए हैं। 
- इनमें 2008 में चंद्रयान-1 और 2014 में मार्स मिशन में मंगलयान की लॉन्चिंग शामिल है।

सैटेलाइट इंडस्ट्री में बढ़ रही हिस्सेदारी
- ग्लोबल सैटेलाइट मार्केट में भारत की हिस्सेदारी बढ़ रही है। अभी यह इंडस्ट्री 13 लाख करोड़ रुपए की है।
- इसमें अमेरिका की हिस्सेदारी 41 फीसदी की है। जबकि भारत की हिस्सेदारी 4 फीसदी से भी कम है।
- दुनिया की बाकी सैटेलाइट लॉन्चिंग एजेंसियों के मुकाबले इसरो की लॉन्चिंग 10 गुना सस्ती है।
- विदेशी सैटेलाइट की लॉन्चिंग इसरो की कंपनी एंट्रिक्स कॉरपोरेशन लिमिटेड के जरिए होती है। 
- 1992 से 2014 के बीच एंट्रिक्स कॉरपोरेशन को 4408 करोड़ रुपए की कमाई हुई।
- इसरो सैटेलाइट लॉन्चिंग से अब तक 660 करोड़ रुपए की कमाई कर चुका है।